#48 तोहरे बिना सब सून
पूरबी विरह गीत
सजना...तोहरे बिना सब सून सजना...तोहरे बिना सब सून तोहरे बिना सब सून चंदा मोरा, बदन जलाए चंदा मोरा, बदन जलाए तुम बिन तरसे मोरा जिया सजना...तोहरे बिना सब सून सजना...तोहरे बिना सब सून तोहरे बिना सब सून कोयलिया, टीस जगाए पुरवइया, पीर बढ़ाए उन बिन कहीं ना सुकून सजना...तोहरे बिना सब सून सजना...तोहरे बिना सब सून तोहरे बिना सब सून जुलमी बालम, बहुत सताए प्यासी अंखियां, बरस न जाएं दरस दिखाओ, मोरा पिया सजना...तोहरे बिना सब सून सजना...तोहरे बिना सब सून तोहरे बिना सब सून

